जल है तो कल है और मिट्टी है तो जीवन है : शिवराज सिंह चौहान
भोपाल । जल है तो कल है और मिट्टी है तो जीवन है, इस उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए 'जल लाए धन-धान्य' इस थीम के आधार पर 5 फरवरी से 'वाटरशेड यात्रा' का प्रारंभ हो रहा है। मिट्टी के क्षरण को रोकने और जल संरक्षण के लिए जागरूकता के उद्देश्य से यह यात्रा 26 राज्यों और 2 केंद्र शासित प्रदेशों में 6673 ग्राम पंचायतों के अंतर्गत 13587 गांवों को कवर करेगी।


मुंबई में आयोजित वर्ड पावर चैंपियनशिप 2026 में छठवां स्थान हासिल किया छात्र रोशन निषाद ने
फूलों की खुशबू से महकी किस्मत ईश्वरचरण पैकरा का
मध्यप्रदेश की ‘बाग प्रिंट’ कला को पेरिस में मिलेगा वैश्विक मंच
सिलफिली की मालती बनीं ‘लखपति दीदी‘, अपने साथ-साथ 14 महिलाओं को दिया रोजगार
राज्यपाल डेका ने खैरागढ़ विश्वविद्यालय की नई बस को दिखाई हरी झंडी